भाषा:
Elderly Care India

वृद्ध देखभाल गृहों के लिए अग्नि सुरक्षा दिशानिर्देश

वृद्ध देखभाल गृहों का संचालन और प्रबंधन एक जटिल कार्य हो सकता है। बुजुर्गों के लिए बने गृह केवल भोजन और आवास (boarding & lodging) तक सीमित नहीं हैं; इसमें संरक्षा और सुरक्षा का एक महत्वपूर्ण पहलू शामिल है, जिसमें अग्नि सुरक्षा (Fire Safety) सर्वोपरि है। 

भारत के लिए सौभाग्य की बात है कि यहाँ वरिष्ठ नागरिक गृहों में आग लगने की कई घटनाएं नहीं हुई हैं, फिर भी हाल ही में एक केयर होम में लगी आग अग्नि सुरक्षा सावधानियों, प्रशिक्षण और तत्परता की आवश्यकता की एक कड़ी चेतावनी थी।

दुर्भाग्य से, बहुत कम वृद्ध देखभाल गृहों के पास अग्नि सुरक्षा मानकों, विशेषकर आपातकालीन निकासी (emergency evacuation) के संबंध में प्रलेखित एसओपी (SOPs) हैं।

एक तरफ अधिकांश इमारतों के लिए अग्निशमन विभाग से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC/Clearance) अनिवार्य है, लेकिन कई बार नियमों का खुलेआम उल्लंघन किया जाता है, जिसके कारण स्वास्थ्य सुविधाओं में आग लगने की घटनाएं हुई हैं।

हम आमतौर पर मान लेते हैं कि यदि अग्निशमन विभाग ने मंजूरी दे दी है तो चिंता की कोई बात नहीं है, लेकिन जब आग लगती है तो आरोप-प्रत्यारोप का खेल शुरू हो जाता है।

अग्नि सुरक्षा अनुमोदन केवल एक औपचारिकता नहीं है जिसे कुछ अग्निशामक यंत्र (fire extinguishers) रखकर या वार्षिक ऑडिट करके पूरा मान लिया जाए; यह केवल कागजी कार्रवाई से कहीं अधिक है। यह लोगों के जीवन की रक्षा का प्रश्न है।

आग सभी के लिए एक संभावित खतरा है—चाहे वह वृद्ध देखभाल गृह हों, अस्पताल हों या अन्य स्वास्थ्य सुविधाएं। स्वास्थ्य और वरिष्ठ देखभाल गृहों में आग लगने के परिणाम विशेष रूप से गंभीर हो सकते हैं, क्योंकि निवासियों की आपातकालीन निकासी में कठिनाइयां और खतरे जुड़े होते हैं, जिनमें से कई अन्य पर निर्भर हो सकते हैं या सीमित गतिशीलता से ग्रस्त हो सकते हैं।

अग्नि सुरक्षा प्रक्रियाओं को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि आग लगने की घटनाएं न हों; हालांकि यदि किसी घटना को रोका नहीं जा सकता है, तो उसका तुरंत पता लगाया जाना चाहिए, प्रभावी ढंग से नियंत्रित किया जाना चाहिए और तेजी से बुझाया जाना चाहिए।

अग्नि सुरक्षा प्रक्रियाओं के हिस्से के रूप में केयर होम प्रबंधन की कई जिम्मेदारियां हैं, जिनमें से कुछ नीचे सूचीबद्ध हैं:

  1. आग लगने की संभावना वाले उपकरणों और यंत्रों की दैनिक निगरानी और रखरखाव।
  2. निम्नलिखित के संबंध में सभी कर्मचारियों को अग्नि सुरक्षा प्रशिक्षण प्रदान करना;
    • क) स्थानीय अग्नि प्रक्रियाएं और निकासी योजना
    • ख) बचाव के साधन (Means of escape)
    • ग) फायर अलार्म चेतावनी प्रणालियों का स्थान
    • घ) अग्निशमन उपकरण
    • ङ) अग्नि जोखिमों के लिए किसी भी परिसर / स्थल की पहचान करना
    • च) निवासियों के वैकल्पिक आवास के स्थान की जानकारी
    • छ) वर्ष में कम से कम एक बार अग्नि निकासी अभ्यास (fire drill) आयोजित करना
    • ज) यह सुनिश्चित करना कि फायर अलार्म, आपातकालीन प्रकाश व्यवस्था और अग्निशमन उपकरणों के परीक्षण एवं रखरखाव के रिकॉर्ड रखे जा रहे हैं
    • झ) यह सुनिश्चित करना कि कर्मचारी अग्नि सुरक्षा दोषों की रिपोर्टिंग के लिए आवश्यक प्रक्रियाओं और कार्रवाइयों से अवगत हैं
    • ञ) यह सुनिश्चित करना कि अग्नि जोखिम मूल्यांकन कार्य योजना और फायर लॉग बुक आदि में लिखित रिकॉर्ड अद्यतन हैं

सीनियर लिविंग ऑपरेटरों के लिए प्रशिक्षण मॉड्यूल विकसित करने हेतु देश / राज्य के अग्नि सुरक्षा मानकों का संदर्भ लेना आवश्यक है।

स्वास्थ्य देखभाल मानक निदेशालय, माल्टा द्वारा जारी संसाधन दस्तावेज़ "वृद्धजनों के गृहों के लिए अग्नि सुरक्षा दिशानिर्देश" (Fire Safety Guidelines for Homes for the Elderly) एक सरल और अत्यंत प्रासंगिक सामग्री है।

दस्तावेज़ को यहाँ डाउनलोड किया जा सकता है (वृद्ध देखभाल गृहों के लिए अग्नि सुरक्षा दिशानिर्देश) या नीचे देखा जा सकता है